अपनी लोकेशन का पिन कोड कैसे जानें
- “मेरी सटीक लोकेशन दिखाएँ” पर टैप करें और लोकेशन की अनुमति दें।
- पेज GPS या आस-पास के Wi-Fi नेटवर्क से आपकी पोज़िशन तय करता है।
- पिन कोड बड़े अंकों में ऊपर दिखता है। उसके नीचे इलाका, शहर और जिला होता है, और पिन कोड कॉपी करने का बटन भी।
यह पिन कोड उसी जगह का है, जहाँ आप अभी हैं: घर पर हैं तो घर का पिन कोड, दफ़्तर में या रास्ते में हैं तो उस जगह का।
पिन कोड क्या होता है?
भारत में पोस्टल कोड को पिन कोड (Postal Index Number) कहते हैं। इसमें 6 अंक होते हैं, जैसे नई दिल्ली के कनॉट प्लेस का 110001। पहला अंक डाक क्षेत्र बताता है, दूसरा उप-क्षेत्र, तीसरा छँटाई वाला जिला (sorting district), और आखिरी तीन अंक उस डाकघर को, जहाँ से डाक बाँटी जाती है।
| पहला अंक | डाक क्षेत्र (राज्य और केंद्र शासित प्रदेश) |
|---|---|
| 1 | दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, चंडीगढ़ |
| 2 | उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड |
| 3 | राजस्थान, गुजरात, दादरा और नगर हवेली और दमन और दीव |
| 4 | महाराष्ट्र, गोवा, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ |
| 5 | आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक |
| 6 | केरल, तमिलनाडु, पुडुचेरी, लक्षद्वीप |
| 7 | पश्चिम बंगाल, सिक्किम, ओडिशा, असम और पूर्वोत्तर के राज्य, अंडमान और निकोबार |
| 8 | बिहार, झारखंड |
| 9 | आर्मी पोस्टल सर्विस (APS) |
एक पिन कोड आमतौर पर पूरे इलाके या कई गाँवों को कवर करता है, इसलिए कुछ गलियों की दूरी पर रहने वाले पड़ोसियों का पिन कोड भी अलग हो सकता है। सरकारी फ़ॉर्म के लिए पिन कोड को India Post की वेबसाइट पर ज़रूर मिला लें। किसी भी शहर या जिले के सारे पिन कोड देखने के लिए भारत की पिन कोड डायरेक्टरी (अंग्रेज़ी में) खोलें।
किसी दूसरे पते, सड़क या इलाके का पिन कोड
इसके लिए वहाँ मौजूद होना ज़रूरी नहीं। किसी भी पॉइंट का पिन कोड जानने के दो तरीके हैं:
- सर्च बॉक्स से। “या कोई दूसरी जगह देखें” में इलाका और शहर लिखें और “खोजें” पर टैप करें। कई नतीजे हों, तो वे एक लिस्ट में दिखेंगे।
- मैप से। मैप को उस इलाके तक ज़ूम करें और पॉइंट पर टैप करें। पेज उस जगह का पिन कोड, पता और इलाका दिखाएगा।
बड़े शहरों में एक लंबी सड़क कई पिन कोड वाले इलाकों से गुज़रती है। इसलिए सर्च में एक ही सड़क कई बार दिख सकती है: अपने इलाके वाला हिस्सा चुनें, या मैप पर सीधे इमारत पर टैप करें।
दिखाया गया पिन कोड कितना भरोसेमंद है?
पिन कोड OpenStreetMap से आता है, जिसे वॉलंटियर अपडेट करते हैं। शहरों में यह काफ़ी भरोसेमंद है। गाँवों में, नई कॉलोनियों में या दो पिन कोड की सीमा पर यह गायब हो सकता है या बगल के इलाके का हो सकता है। जब ठीक उस पॉइंट का पिन कोड नहीं मिलता और हम आस-पास के इलाके का पिन कोड इस्तेमाल करते हैं, तो उस पर “अनुमानित” लिखा होता है।
पिन कोड कब ज़रूरी होता है
- ऑनलाइन शॉपिंग और डिलीवरी। शॉपिंग साइटें और कूरियर कंपनियाँ पिन कोड से तय करती हैं कि डिलीवरी होगी या नहीं, कितने दिन लगेंगे और कितना चार्ज लगेगा।
- फ़ॉर्म। बैंक खाते, आधार में पता बदलने, गैस कनेक्शन और सरकारी फ़ॉर्म में पते के साथ पिन कोड माँगा जाता है।
- पार्सल और स्पीड पोस्ट। डाकघर में पार्सल या स्पीड पोस्ट बुक करते समय भेजने वाले और पाने वाले, दोनों का पिन कोड लगता है।
- पास की सेवाएँ खोजना। डाकघर, बैंक शाखा और सर्विस सेंटर अक्सर पिन कोड से खोजे जाते हैं।
सड़क और मकान नंबर भी चाहिए? देखें मेरा अभी का पता। सब कुछ मैप पर देखने के लिए मेरी अभी की लोकेशन पर वापस जाएँ।
पिन कोड के बारे में आम सवाल
मेरा पिन कोड कैसे पता करें?
“मेरी सटीक लोकेशन दिखाएँ” पर टैप करें और ब्राउज़र को अनुमति दें। पेज आपकी जगह तय करके उसका पिन कोड दिखाएगा, साथ में इलाका, शहर और जिला भी।
क्या दिखाया गया पिन कोड मेरे घर का पिन कोड है?
यह उस जगह का पिन कोड है, जहाँ आप अभी हैं। अगर आप घर पर हैं, तो यही आपके घर का पिन कोड है। दफ़्तर में या सफ़र में हों, तो उस जगह का पिन कोड दिखेगा।
क्या लोकेशन चालू किए बिना पिन कोड जाना जा सकता है?
हाँ। सर्च बॉक्स में पता या इलाके का नाम लिखें, या मैप पर पॉइंट पर टैप करें। लेकिन यह पेज कनेक्शन से पिन कोड का अंदाज़ा नहीं लगाता: लोकेशन की अनुमति के बिना हमें सिर्फ़ आपका शहर पता होता है, और एक शहर में कई पिन कोड होते हैं।
पिन कोड क्यों नहीं दिख रहा?
पिन कोड का डेटा OpenStreetMap से आता है, जिसमें कुछ गाँवों या नई कॉलोनियों का पिन कोड अभी दर्ज नहीं हो सकता। ऐसे में हमारे दिखाए इलाके, तहसील और जिले के नाम से India Post की वेबसाइट पर खोजें।
ऑनलाइन ऑर्डर में कौन-सा पिन कोड भरें?
डिलीवरी वाले पते का पिन कोड, ऑर्डर करने वाली जगह का नहीं। अगर पार्सल वहीं आना है जहाँ आप अभी हैं, तो इस पेज पर दिखा पिन कोड कॉपी कर सकते हैं।
पिन कोड में कितने अंक होते हैं?
भारत के पिन कोड में 6 अंक होते हैं। पहला अंक डाक क्षेत्र, दूसरा उप-क्षेत्र, तीसरा छँटाई वाला जिला और आखिरी तीन अंक डिलीवरी करने वाला डाकघर बताते हैं।